ये उम्र के साथ साथ सारी खुशफहमियाँ जैसे बह सी गयी है सिवाय एक खुशफहमी के वो ये कि अगर तुम होतीं तो मैं तुम्हारे साथ उम्र भर ख़ुशी खुशी जीता | और शायद इस खुशफहमी को जिन्दा रखने के लिए ही तुम्हारा चले जाना जरूरी रहा होगा |
शनिवार, 6 जून 2026
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सब नसीबों की बात है
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